देवघर नगर निकाय चुनाव: OBC आरक्षण पर बड़ा फैसला, 14 वार्ड आरक्षित; मेयर पद पर सस्पेंस बरकरार
देवघर नगर निगम और मधुपुर नगर परिषद के आगामी चुनावों के लिए वार्ड आरक्षण की अधिसूचना जारी कर दी गई है। जिला निर्वाचन पदाधिकारी सह उपायुक्त ने यह घोषणा की है। यह चुनाव इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि यह राज्य में ओबीसी आरक्षण लागू होने के बाद पहला चुनाव होगा। नए साल में चुनाव की तारीखों की घोषणा होने की संभावना है, जिससे राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
देवघर नगर निगम के 36 वार्डों में आरक्षण का बंटवारा किया गया है। अत्यंत पिछड़ा वर्ग (EBC) 1 और अत्यंत पिछड़ा वर्ग (EBC) 2 को 7-7 वार्ड मिले हैं, यानी कुल 14 वार्ड ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, अनुसूचित जाति (SC) के लिए 4 वार्ड और 18 वार्ड अनारक्षित रखे गए हैं।
मधुपुर नगर परिषद में भी 23 वार्डों के लिए आरक्षण तय हुआ है। यहां 12 वार्ड अनारक्षित हैं। अत्यंत पिछड़ा वर्ग 1 को 6 वार्ड, पिछड़ा वर्ग 2 और अनुसूचित जाति को 2-2 वार्ड मिले हैं, जबकि अनुसूचित जनजाति को 1 वार्ड मिला है। यह आरक्षण वार्ड-वार जनसंख्या और डोर-टू-डोर सर्वे के आधार पर निर्धारित किया गया है।
मेयर पद के आरक्षण को लेकर भी उत्सुकता बनी हुई है। पिछले दो चुनावों में देवघर मेयर का पद सामान्य वर्ग के लिए आरक्षित था। अब ओबीसी आरक्षण के बाद, मेयर पद के आरक्षण की गणना एसटी वर्ग से शुरू होगी। चुनाव लड़ने के इच्छुक उम्मीदवारों की धड़कनें तेज हैं, क्योंकि राज्य निर्वाचन आयोग जल्द ही मेयर पद के आरक्षण पर अंतिम मुहर लगाएगा।
