दो पैन कार्ड मामले में आजम खां और अब्दुल्ला दोषी, सजा का इंतजार
रामपुर की विशेष अदालत ने दो पैन कार्ड मामले में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव आजम खां और उनके बेटे पूर्व विधायक अब्दुल्ला आजम को दोषी करार दिया है। अदालत जल्द ही दोनों को सजा सुनाएगी, जिसके मद्देनजर परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।
यह मामला छह साल पुराना है, जब भारतीय जनता पार्टी के विधायक आकाश सक्सेना ने सिविल लाइंस कोतवाली में एक प्राथमिकी दर्ज कराई थी। इस शिकायत में अब्दुल्ला आजम पर असत्य एवं कूटरचित दस्तावेजों के आधार पर दो पैन कार्ड बनवाने का आरोप लगाया गया था। शिकायतकर्ता के अनुसार, एक पैन कार्ड में अब्दुल्ला की जन्मतिथि 1 जनवरी 1993 दर्ज है, जबकि दूसरे में 30 सितंबर 1990। इस आरोप के बाद पुलिस ने जांच पूरी कर अब्दुल्ला के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया था, जिसकी सुनवाई एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट में चल रही थी।
न्यायाधीश शोभित बंसल ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद इस मामले में आजम खां और अब्दुल्ला को दोषी पाया है। फैसले के समय कचहरी परिसर में राजनीतिक सरगर्मी तेज देखी गई, जहाँ भाजपा और सपा के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में इकट्ठा थे। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा और परिसर में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था।
इस फैसले से आजम खां के राजनीतिक करियर पर असर पड़ने की आशंका है, क्योंकि वे पहले भी कई मामलों में कानूनी पचड़ों में फंसे रहे हैं। अदालत द्वारा सजा सुनाए जाने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि इस मामले का उनके भविष्य पर कितना प्रभाव पड़ेगा।
