दहेज में बुलेट की जगह नकद मांगने पर बरात बंधक, दूल्हे ने मांगी माफी
मुजफ्फरनगर के कसरेवा गांव में एक शादी समारोह उस समय हंगामे का केंद्र बन गया जब दहेज की मांग को लेकर दूल्हा और दुल्हन पक्ष के बीच विवाद हो गया। मामला तब बढ़ा जब शादी संपन्न होने के बाद विदाई के समय दूल्हा पक्ष ने शादी में दी गई बुलेट मोटरसाइकिल के बदले नकद धनराशि की मांग रख दी।
इस मांग से दुल्हन पक्ष में भारी नाराजगी फैल गई। दोनों पक्षों के बीच गहमागहमी बढ़ गई और देखते ही देखते स्थिति इतनी बिगड़ गई कि आक्रोशित दुल्हन पक्ष ने दूल्हे सहित पूरी बरात को बंधक बना लिया।
सूचना मिलते ही गांव के प्रधान परवेज आलम और अन्य गणमान्य व्यक्ति विवाह स्थल पर पहुंचे। उन्होंने दोनों पक्षों से बातचीत शुरू की और मामले को सुलझाने का प्रयास किया। सूत्रों के अनुसार, दूल्हे ने बातचीत के दौरान स्पष्ट किया कि वह किसी भी प्रकार की नकद धनराशि नहीं चाहता है और बुलेट मोटरसाइकिल से संतुष्ट है। दूल्हे के इस बयान के बाद दुल्हन पक्ष को राहत मिली और वे शांत हो गए।
दूल्हे पक्ष द्वारा किसी भी प्रकार की अतिरिक्त मांग न रखने पर अंततः मामला सुलझ गया। इसके बाद दुल्हन को खुशी-खुशी बरात के साथ विदा किया गया। हालांकि, ग्राम प्रधान परवेज आलम का कहना है कि बरातियों को बंधक बनाने जैसी कोई स्थिति नहीं थी, बल्कि दोनों पक्षों के बीच थोड़ी गरमागरमी हुई थी जिसे सौहार्दपूर्ण ढंग से सुलझा लिया गया। इस घटना ने एक बार फिर दहेज प्रथा के खिलाफ समाज में चल रही बहस को हवा दी है।
