CM मोहन यादव ने पेश की मिसाल: बेटे की शादी को बनाया सामाजिक उत्सव, 22 जोड़ों का सामूहिक विवाह जोड़ों का कन्यादान
मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने अपने बेटे अभिमन्यु की शादी को एक सामाजिक उत्सव का रूप देते हुए 21 कन्याओं का सामूहिक विवाह कराया। यह समारोह उज्जैन में आयोजित किया गया, जहां कुल 22 जोड़े एक साथ परिणय सूत्र में बंधे।
विवाह से पहले शनिवार को परिवार के सदस्यों ने पारंपरिक रस्में उत्साह के साथ निभाईं, जिनमें माता पूजन, मंडप, लग्न और ममेरा की रस्में शामिल रहीं। देर शाम, होटल अथर्व में आयोजित महिला संगीत में मुख्यमंत्री सहित उनके भाई और बहन ने परिवार के सदस्यों के साथ जमकर नृत्य किया।
सामूहिक विवाह में शामिल 21 कन्याओं की संपूर्ण जिम्मेदारी यादव परिवार ने स्वयं वहन की। इसमें कन्यादान सामग्री, गृहस्थी उपहार और विवाह का पूरा खर्च शामिल था। यह आयोजन सामाजिक समावेशिता का प्रमुख उदाहरण बना, जिसमें वधुओं में 14 ओबीसी, 4 सामान्य, 5 एससी और 1 एसटी समुदाय की थीं, जबकि वरों में 12 ओबीसी, 6 सामान्य और 6 एससी वर्ग के युवक शामिल थे।
यादव परिवार ने प्रत्येक नवविवाहित दंपति को स्वर्ण मंगलसूत्र, रजत पायजेब-बिछिया, पलंग, सोफा, गद्दे, अलमारी, बर्तन सेट, डिनर सेट, वस्त्र और मोटरसाइकिल सहित संपूर्ण गृहस्थी सामग्री भेंट की। रविवार सुबह इम्पीरियल चौराहा से सामूहिक बारात प्रस्थान हुई, जो शिप्रा तट पर बने विशाल विवाह परिसर तक पहुंची, जहां वैदिक रीति-रिवाजों से पाणिग्रहण, सप्तपदी और अन्य रस्में एक साथ की गईं।
