अलीगढ़ में विराट हिंदू सम्मेलन: राष्ट्र रक्षा का संकल्प, विश्व शांति पर मंथन
अलीगढ़ में विराट हिंदू सम्मेलन का आयोजन किया गया, जहाँ संत और संघ के पदाधिकारियों ने राष्ट्र रक्षा का संकल्प दिलाया। यह सम्मेलन जय श्रीराम और वंदे मातरम के जयघोषों से गूंज उठा।
सम्मेलन में वक्ताओं ने इस बात पर जोर दिया कि वर्तमान वैश्विक परिदृश्य में, जहाँ विश्व युद्ध की आशंकाएं हैं, राष्ट्र को सशक्त करना अत्यंत महत्वपूर्ण है। इसलिए, सभी को एकजुट होकर राष्ट्र वंदन करने का आह्वान किया गया। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत संपर्क प्रमुख प्रमोद चौहान ने बताया कि संघ की स्थापना राष्ट्र की सेवा के उद्देश्य से हुई है। मुख्य वक्ता डॉ. प्रवीण सतेंद्र विद्यालंकार ने कहा कि यह देश वीरांगनाओं का है और मातृशक्ति को अपनी शक्ति पहचाननी चाहिए। उन्होंने बच्चों को गौरवशाली इतिहास से जोड़कर देश और धर्म की रक्षा के लिए प्रेरित करने की बात कही। योगी कौशलनाथ ने कहा कि संपूर्ण विश्व युद्ध से प्रभावित है और ऐसे में सनातन ही एकमात्र मार्ग है जो विश्व को शांति की ओर ले जा सकता है।
एक अन्य हिंदू सम्मेलन में, जो सराय हरनारायण में आयोजित हुआ, मुख्य वक्ता भूपेंद्र शर्मा ने कहा कि हिन्दू समाज को संगठित होकर भगवान राम के कार्य को अपना मानकर सेवा कार्य में लगना चाहिए। उन्होंने कहा कि दुनिया युद्ध की चपेट में है और सभी की निगाहें भारत की ओर हैं, क्योंकि भारत शांति का पुजारी है। श्री गणेश मंदिर के महंत विनयनाथ महाराज ने हिंदू समाज को स्वरोजगार पर ध्यान देने की सलाह दी। महानगर कार्यवाहिका सुलक्षणा शर्मा ने पंच परिवर्तन का विषय रखा।
