भागलपुर स्टेशन चौक बना रेड-लाइट एरिया, देह व्यापार का धंधा बेखौफ, पुलिस की भूमिका पर सवाल
भागलपुर रेलवे स्टेशन चौक और इसके आसपास का इलाका अब देह व्यापार के लिए कुख्यात हो गया है। रात होते ही सुजागंज और एमपी द्विवेदी रोड जैसे इलाकों में धंधेबाज सक्रिय हो जाते हैं। पड़ोसी राज्यों, विशेषकर झारखंड और पश्चिम बंगाल से युवतियां यहां आकर इस अवैध धंधे में शामिल हो रही हैं।
यह चिंताजनक है कि स्टेशन चौक, जो कोतवाली थाना, जीआरपी, मोजाहिदपुर और तातारपुर जैसे कई थाना क्षेत्रों से घिरा हुआ है, वहां यह अवैध कारोबार बेखौफ संचालित हो रहा है। देर रात स्टेशन चौक, एमपी द्विवेदी रोड, सुजानगंज रोड, लोहिया पुल के नीचे और तातारपुर रोड पर संदिग्ध गतिविधियां आम हो गई हैं।
स्थानीय निवासियों के अनुसार, कुछ महिलाएं लंबे समय से इस धंधे से जुड़ी हैं, लेकिन हाल के महीनों में नई युवतियों की संख्या में वृद्धि देखी गई है। इनमें से कई साहिबगंज, दुमका और नवगछिया जैसे इलाकों से बताई जा रही हैं, जो रात में भागलपुर आती हैं और सुबह लौट जाती हैं।
इस पूरे नेटवर्क के तार स्टेशन चौक और आसपास के होटलों से भी जुड़े होने की आशंका है। संपर्क के बाद सौदे तय होते हैं और फिर ग्राहकों को होटलों या अन्य गुप्त स्थानों पर ले जाया जाता है। लोहापट्टी की संकरी गलियां रात में इस अवैध कारोबार के प्रमुख केंद्र बन जाती हैं।
पड़ताल में सामने आया है कि महिलाएं खुद ही सौदेबाजी करती हैं, जिसमें 350 रुपये से लेकर 1500-2000 रुपये तक की रकम तय होती है। होटल में खाने-पीने का खर्च अलग से लिया जाता है। बार-बार शिकायत के बावजूद कार्रवाई न होने से स्थानीय लोग प्रशासन पर सवाल उठा रहे हैं। कई थाना क्षेत्रों से घिरे होने के बावजूद इस पर अंकुश क्यों नहीं लगाया जा रहा है, यह एक बड़ा सवाल है।
