बंगाल में नया कीर्तिमान: टीएमसी के विरोध के बीच बीएलओ करुणा और बिनिता बनीं प्रेरणा
पश्चिम बंगाल में चल रहे स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) यानी विशेष गहन संशोधन अभियान को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज है, जहाँ सत्ताधारी दल टीएमसी और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी इस प्रक्रिया का विरोध कर रही हैं। ऐसे माहौल में, आसनसोल क्षेत्र की दो महिला बूथ लेवल ऑफिसर (BLO) ने अपने असाधारण समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा से एक नया कीर्तिमान स्थापित किया है।
आसनसोल उत्तर विधानसभा क्षेत्र के राधानगर स्थित बूथ संख्या 47 की बीएलओ करुणा माझी, जो पेशे से एक प्राथमिक विद्यालय की शिक्षिका भी हैं, ने मात्र 21 दिनों में लगभग 700 मतदाताओं के लिए फॉर्म वितरण, संग्रहण और डिजिटाइजेशन का कार्य पूरा कर लिया। यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि यह निर्धारित समय सीमा से काफी पहले पूरी की गई है। उनके इस अनुकरणीय कार्य की सराहना करते हुए, आसनसोल उपखंड अधिकारी (सदर) विश्वजीत भट्टाचार्य ने एक विशेष कार्यक्रम में उन्हें पुष्पगुच्छ देकर सम्मानित किया। उपखंड अधिकारी ने कहा कि करुणा माझी ने इस विधानसभा क्षेत्र की पहली बीएलओ के रूप में मिसाल पेश की है, जिन्होंने निर्धारित समय से पहले अपना कार्य पूरा किया है।
इसी तरह, बाराबनी विधानसभा के सालानपुर ब्लॉक स्थित बूथ संख्या 115 की बीएलओ बीनीता कुमारी ने भी केवल 20 दिनों में 732 मतदाताओं से संबंधित SIR कार्य को पूरा करके एक और रिकॉर्ड अपने नाम किया है। उन्होंने फॉर्म वितरण से लेकर भरे हुए फॉर्म के संग्रहण और डिजिटाइजेशन तक की प्रक्रिया को निर्धारित समय से काफी पहले संपन्न कर लिया। उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सालानपुर ब्लॉक प्रशासन द्वारा उन्हें सम्मानित किया गया।
बीनीता की इस उपलब्धि से प्रेरित होकर, ब्लॉक के एक अन्य बीएलओ ने भी 21 दिनों में यह प्रक्रिया सफलतापूर्वक पूरी कर ली है, जिन्हें शीघ्र ही सम्मानित किए जाने की घोषणा की गई है। ये दोनों महिला अधिकारी विपरीत परिस्थितियों और राजनीतिक विरोध के बावजूद मतदाताओं को जागरूक करने और चुनावी प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने में अपने महत्वपूर्ण योगदान के लिए प्रेरणा स्रोत बनकर उभरी हैं। उनके कार्य ने साबित किया है कि समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा से किसी भी चुनौती का सामना किया जा सकता है।
