बीसीसीएल की बसंतीमाता परियोजना में शावेल मशीन में भीषण आग, चालक सुरक्षित
धनबाद के बीसीसीएल सीवी एरिया की दहीबाड़ी बसंतीमाता परियोजना में बुधवार दोपहर एक बड़ी दुर्घटना हुई, जहाँ करोड़ों की लागत वाली एक शावेल मशीन में भीषण आग लग गई। आग इतनी भयानक थी कि मशीन पूरी तरह से जलकर खाक हो गई।nnघटना उस समय हुई जब मशीन ऑपरेटर के. गुलाम दहीबाड़ी बसंतीमाता परियोजना में कालीमाटी सीम के पास कोयला खनन का कार्य कर रहे थे। दोपहर करीब 12:30 बजे अचानक मशीन में आग लग गई। मशीन में आग बुझाने की पर्याप्त व्यवस्था न होने के कारण आग तेजी से फैल गई और देखते ही देखते पूरी मशीन को अपनी चपेट में ले लिया।nnगनीमत रही कि मशीन ऑपरेटर के. गुलाम ने समय रहते मशीन से कूदकर अपनी जान बचा ली। उन्होंने तुरंत घटना की सूचना बीसीसीएल अधिकारियों को दी। सूचना मिलते ही अधिकारी मौके पर पहुंचे और स्थिति की गंभीरता को देखते हुए अविलंब डीवीसी पंचेत व ईसीएल धेमोमेन अग्निशमन विभाग को सूचित किया।nnलगभग दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद, डीवीसी पंचेत और ईसीएल धेमोमेन से पहुंचे अग्निशमन दल ने आग पर काबू पाया। हालांकि, तब तक मशीन पूरी तरह से जल चुकी थी और भारी नुकसान हो चुका था। डीवीसी पंचेत के अग्निशमन अधिकारी पीएस सोरेन ने आग बुझाने के अभियान में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।nnइस घटना के कारण परियोजना का काम कुछ समय के लिए रोक दिया गया था। आग लगने के कारणों का अभी तक पता नहीं चल पाया है, लेकिन शॉर्ट सर्किट को इसकी मुख्य वजह माना जा रहा है। कुछ लोगों का यह भी कहना है कि मशीन के रखरखाव में लापरवाही और समय पर मरम्मत न होने के कारण यह हादसा हुआ।nnदहीबाड़ी बसंतीमाता परियोजना के यांत्रिक अभियंता पीके बेरा ने बताया कि शावेल मशीन जलने की घटना की जांच की जा रही है और हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आग पर पूरी तरह नियंत्रण पा लिया गया है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
कार्रवाई की जाएगी।
