रेलवे का पहला आरक्षण चार्ट अब आठ घंटे पहले होगा तैयार
भारतीय रेलवे ने यात्रियों के अनुभव को बेहतर बनाने और आरक्षण प्रणाली को अधिक सुगम बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। अब ट्रेन के रवाना होने से कम से कम आठ घंटे पहले पहला आरक्षण चार्ट स्वचालित रूप से तैयार हो जाएगा। यह नई व्यवस्था 18 नवंबर से लागू की गई है, जिसका उद्देश्य यात्रियों को उनकी यात्रा की योजना बनाने के लिए पर्याप्त समय देना और उन्हें अपनी सीट की स्थिति के बारे में पहले से अवगत कराना है।
रेलवे बोर्ड के एक वरिष्ठ अधिकारी के अनुसार, यदि किसी ट्रेन के लिए निर्धारित प्रस्थान समय से आठ घंटे पहले पहला आरक्षण चार्ट तैयार नहीं होता है, तो सिस्टम इसे स्वतः ही अंतिम रूप दे देगा। हालांकि, सुबह 5 बजे से दोपहर 2 बजे के बीच प्रस्थान करने वाली ट्रेनों के लिए आरक्षण चार्ट जारी करने का समय पहले की तरह रात 9 बजे तक ही रहेगा। दूसरे यानी अपडेटेड आरक्षण चार्ट में कोई बदलाव नहीं किया गया है और यह ट्रेन छूटने के 15 मिनट पहले स्वतः जारी होगा। इससे तत्काल आरक्षण केंद्रों और आईआरसीटीसी की वेबसाइट पर खाली बर्थों की बुकिंग को बढ़ावा मिलेगा।
यह व्यवस्था मैनुअल आधार पर आठ घंटे पूर्व चार्ट जारी करने की प्रक्रिया के लागू होने के बाद आई है, लेकिन निर्धारित समय पर चार्ट तैयार न होने की शिकायतों और कर्मचारियों पर बढ़ते काम के बोझ को देखते हुए यह स्वचालित प्रणाली लाई गई है। पहले आरक्षण चार्ट बनाने के लिए 24 घंटे की अतिरिक्त ड्यूटी लगानी पड़ती थी, जिससे कर्मचारियों को काफी मुश्किलों का सामना करना पड़ता था।
इन शिकायतों और प्रशासनिक चुनौतियों के समाधान के लिए, रेलवे बोर्ड के उप निदेशक ने सभी क्षेत्रीय रेलवे के प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधकों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। साथ ही, सेंटर फॉर रेलवे इंफॉर्मेशन सिस्टम (क्रिस) को भी सॉफ्टवेयर में आवश्यक संशोधन करने और इसकी जानकारी सभी जोनल रेलवे को प्रदान करने का निर्देश दिया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि विशेष परिस्थितियों में, प्रमुख मुख्य वाणिज्य प्रबंधक आठ घंटे से कम समय में भी आरक्षण चार्ट तैयार कर सकेंगे, जिसके लिए उन्हें अतिरिक्त अधिकार प्रदान किए गए हैं। दूरस्थ स्टेशनों के लिए आरक्षण चार्ट भी स्वचालित रूप से तैयार हो जाएंगे, जिससे पूरी प्रक्रिया और अधिक कुशल बनेगी। इस कदम से रेलवे की समग्र परिचालन दक्षता में सुधार होने की उम्मीद है।
