एमएलसी चुनावों के लिए भाजपा ने झोंकी पूरी ताकत, 12 जिलों में संभाला मोर्चा | mlc election 2026
आगामी विधान सभा चुनावों से ठीक पहले हो रहे एमएलसी चुनावों को राजनीतिक दलों के लिए काफी अहम माना जा रहा है। इसी क्रम में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी ने आगरा खंड स्नातक और शिक्षक चुनाव को अपनी प्रतिष्ठा का प्रश्न बना लिया है। पार्टी इस मुकाबले को 2027 के विधानसभा चुनाव के सेमीफाइनल के रूप में देख रही है, जिसके चलते संगठनात्मक स्तर पर भारी फेरबदल और रणनीतिक तैयारियां की गई हैं।
12 जिलों में फैला है चुनावी दायरा
आगरा खंड स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के अंतर्गत कुल 12 जिले आते हैं, जिनमें आगरा, मथुरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, अलीगढ़, कासगंज, एटा, हाथरस, इटावा, औरैया, कन्नौज और फर्रुखाबाद शामिल हैं। इन सभी जिलों में फैले लगभग 2.30 लाख मतदाताओं को साधने के लिए पार्टी ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। जमीनी स्तर पर पकड़ मजबूत करने के लिए खास रणनीतिक क्लस्टर तैयार किए गए हैं।
क्लस्टर प्रणाली और कार्यकर्ताओं की फौज
मतदाताओं से सीधा और व्यक्तिगत संपर्क स्थापित करने के लिए भाजपा ने 12 जिलों में करीब 11,500 नेताओं और कार्यकर्ताओं की फौज तैनात की है। चुनाव प्रबंधन के तहत 20-20 मतदाताओं के छोटे-छोटे क्लस्टर बनाए गए हैं। प्रत्येक क्लस्टर की जिम्मेदारी एक कार्यकर्ता को सौंपी गई है, जो लगातार मतदाताओं के संपर्क में है। इसके अलावा, बूथ अध्यक्षों और पन्ना प्रमुखों को भी सक्रिय कर दिया गया है ताकि मतदान के दिन हर वोटर को पोलिंग बूथ तक पहुंचाया जा सके। मंत्रियों, विधायकों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों को भी इस अभियान में शामिल किया गया है, जबकि निर्दलीय प्रत्याशी भी मैदान में डटकर मुकाबला कर रहे हैं।
