दिल्ली पुलिस से कॉकरोच जनता पार्टी ने नेताओं की हिरासत पर मांगा जवाब | national politics
राजधानी दिल्ली में हाल ही में हुए एक राजनीतिक प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए गए कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के तीन शीर्ष नेताओं की वर्तमान स्थिति को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। पार्टी ने इस मामले में कड़ा रुख अपनाते हुए दिल्ली पुलिस कमिश्नर को पत्र लिखा है और तीनों नेताओं की ठिकाने की तुरंत जानकारी देने की मांग की है।
विमान के अंदर से हुई थी हिरासत
संगठन की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार, CJP के राष्ट्रीय संयोजक अभिजीत दिपके, सह-संयोजक सौरव दास और आशुतोष रांका शनिवार सुबह मुंबई से नई दिल्ली पहुंचे थे। आरोप है कि विमान के उतरते ही पुलिस ने उन्हें अंदर से ही हिरासत میں ले लिया था। घटना के 12 घंटे बीत जाने के बाद भी परिजनों और वकीलों को उनके बारे में कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई है, जिससे राजनीतिक हलचल तेज हो गई है।
प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई की पृष्ठभूमि
यह पूरा घटनाक्रम शनिवार को जंतर-मंतर पर मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर बुलाए गए विरोध प्रदर्शन से जुड़ा है। मध्य दिल्ली में सुरक्षा के कड़े इंतजाम के बीच पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए भारी बैरिकेडिंग की थी। इस दौरान पुलिस ने करीब तीन हजार प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिया था, जिनमें CJP के ये नेता भी शामिल बताए जा रहे हैं।
पार्टी और अन्य नेताओं का विरोध
CJP ने इस कार्रवाई को अमानवीय और मौलिक अधिकारों का हनलन बताया है। पार्टी नेताओं का कहना है कि किसी भी नागरिक को बिना स्पष्ट कारण और कानूनी प्रक्रियाओं के परिजनों तथा वकीलों से दूर रखना अस्वीकार्य है। इस बीच, विपक्षी नेताओं ने भी इस पर चिंता जताई है और मांग की है कि यदि हिरासत कानूनी रूप से वैध नहीं है, तो उन्हें तुरंत रिहा किया जाए। इस तरह की घटनाओं से पुलिस प्रशासन और राजनीतिक दलों के बीच तनाव बढ़ने की आशंका रहती है, जिसका सीधा असर आम जनजीवन पर भी पड़ता है।
