0

पैगंबर मोहम्मद: 6ठी सदी के अरब में क्रांति लाने वाले ‘Prophet of Islam’

By Aug 24, 2026

छठी सदी का अरब समाज छोटे-छोटे कबीलों में बंटा हुआ था, जहां रातें शराब और शायरी में बीतती थीं और दिन जमीन व औरतों के लिए लड़ाइयों में। कबीलाई रंजिशें पीढ़ियों तक चलती थीं।

पुरुष जितनी चाहें शादी कर सकते थे और पत्नियों को कभी भी छोड़ सकते थे। महिलाओं को संपत्ति में कोई अधिकार नहीं था, और कई कबीलों में बेटी के जन्म पर उसे जिंदा दफनाने की क्रूर प्रथा थी। इसी अंधकारमय दौर में पैगंबर हजरत मोहम्मद ने इस्लाम की नींव रखी, जिसने समाज की तस्वीर हमेशा के लिए बदल दी।

26 अगस्त को मिलाद-उन-नबी, यानी पैगंबर मोहम्मद का जन्मदिन मनाया जाता है। इस अवसर पर उनकी जीवन यात्रा और उस समय से बहुत आगे की उनकी सोच को समझना महत्वपूर्ण है। उनकी शिक्षाओं ने न केवल अरब समाज को सुधारा, बल्कि दुनिया को एक नई दिशा दी।

यह जानना भी प्रासंगिक है कि आज दुनिया के 57 मुस्लिम देशों का संगठन OIC, जो दुनिया की लगभग 25% आबादी का प्रतिनिधित्व करता है, विश्व GDP में केवल 8% का योगदान देता है। इनमें से अधिकांश देश, तेल समृद्ध देशों को छोड़कर, आर्थिक रूप से संघर्ष कर रहे हैं। यह स्थिति पैगंबर की शिक्षाओं के मूल सिद्धांतों और वर्तमान वैश्विक आर्थिक परिदृश्य के बीच एक महत्वपूर्ण अंतर को दर्शाती है।

About

Journalist covering latest updates.

साझा करें