करंट की चपेट में पिता-पुत्र, दो साल के मासूम की दर्दनाक मौत, पिता गंभीर
औरैया के कुचैला गांव में रविवार सुबह एक हृदयविदारक घटना हुई, जिसने बिजली विभाग की लापरवाही को एक बार फिर कटघरे में खड़ा कर दिया है। गांव के 45 वर्षीय श्यामवीर अपने दो वर्षीय इकलौते पुत्र रितिक को गोद में लिए मकान की छत पर बन रहे राधा-कृष्ण मंदिर का प्लास्टर कार्य देख रहे थे। इसी दौरान, ऊपर से गुजर रही 11 हजार केवीए की हाईटेंशन लाइन से उनका सिर छू गया।
करंट लगते ही पिता-पुत्र छत से उछलकर नीचे सड़क पर आ गिरे। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे मजदूरों और ग्रामीणों ने तत्काल दोनों को उपचार के लिए उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय सैफई भेजा। दुर्भाग्यवश, रास्ते में ही मासूम रितिक ने दम तोड़ दिया। उसके शव को गांव लाया गया, जहां परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। बच्चे की दादी हरप्यारी, मां अर्चना और बहन सुभि समेत परिवार के सदस्य सदमे में हैं।
परिजनों का आरोप है कि हाईटेंशन लाइन से उत्पन्न खतरे के संबंध में उन्होंने कई बार बिजली विभाग को लिखित और मौखिक रूप से अवगत कराया था। उन्होंने बताया कि शिकायत के बावजूद विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की और न ही तार को सुरक्षित करने का कोई प्रयास किया। यदि समय रहते बिजली विभाग ने ध्यान दिया होता, तो आज यह अनमोल जान नहीं जाती। ग्रामीणों ने भी बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
फिलहाल, गंभीर रूप से घायल श्यामवीर का उपचार सैफई में चल रहा है। इस घटना ने एक बार फिर बिजली विभाग की सुरक्षा व्यवस्था और लापरवाही की ओर इशारा किया है। क्षेत्र में इस घटना को लेकर आक्रोश का माहौल है और लोग बिजली विभाग के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। स्थानीय पुलिस और बिजली विभाग के अधिकारियों को घटना की जानकारी दी गई है, लेकिन सूत्रों के अनुसार, उन्होंने अभी तक इस मामले में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है और न ही घटना के संबंध में उन्हें जानकारी होने से इनकार किया है।
